मंगलवार, 18 अगस्त 2015

JAIDEV JONWAL. Hasya Kavi - Stand Up Comedian & Shayar. . Book Now For Yours Eventzzz..

" नम आँखों को ख़ुशनुमा एहसास देता हूँ।
मैं कापते होठो , टूटे दिलो मुस्कुराहट देता हूँ
नहीं भाती है मुझको तन्हाईयाँ , खामोशियाँ और घुटन
मैं बनकर तमाशाई यूँ हर दिल को यूँ सुकूंन देता हूँ।


JAIDEV JONWAL.


Hasya Kavi - Stand Up Comedian & Shayar.
.
Book Now For Yours Eventzzz....

Birthday Parties.
Business Launching.
Marriage Reception..
Corporate Eventz..
School & College Functions Extra..


Regards..

Jaidev Jonwal.

Mob No -08826725292
                 9250683519

रविवार, 28 सितंबर 2014

JAIDEV JONWAL. Hasya Kavi - Stand Up Comedian & Shayar. . Book Now For Yours Eventzzz..

" नम आँखों को ख़ुशनुमा एहसास देता हूँ।
मैं कापते होठो , टूटे दिलो मुस्कुराहट देता हूँ
नहीं भाती है मुझको तन्हाईयाँ , खामोशियाँ और घुटन
मैं बनकर तमाशाई यूँ हर दिल को यूँ सुकूंन देता हूँ।


JAIDEV JONWAL.


Hasya Kavi - Stand Up Comedian & Shayar.
.
Book Now For Yours Eventzzz....

Birthday Parties.
Business Launching.
Marriage Reception..
Corporate Eventz..
School & College Functions Extra..


Regards..

Jaidev Jonwal.

Mob No -08826725292
                 9250683519

JAIDEV JONWAL. Hasya Kavi - Stand Up Comedian & Shayar..Book Now For Yours Eventzzz....


" नम आँखों को ख़ुशनुमा एहसास देता हूँ।
मैं कापते होठो , टूटे दिलो मुस्कुराहट देता हूँ
नहीं भाती है मुझको तन्हाईयाँ , खामोशियाँ और घुटन
मैं बनकर तमाशाई यूँ हर दिल को यूँ सुकूंन देता हूँ।

JAIDEV JONWAL.

Hasya Kavi - Stand Up Comedian & Shayar..

Book Now For Yours Eventzzz....

Birthday Parties.
Business Launching.
Marriage Reception..
Corporate Eventz..
School & College Functions Extra..

Regards..

Jaidev Jonwal.

Mob No -08826725292
9250683519

गुरुवार, 1 अगस्त 2013

मौत आने से पेहले जीना जरुरी है

मौत आने से पेहले जीना जरुरी है 
तुझको पाने से पहले सब खोना जरुरी है 
यूँ ही नहीं हो जाती किसी की ज़िन्दगी मुकम्मल 
कुछ बन जाने से पेहले कुछ न होना जरुरी है 


हास्य कवि / शायर .. 

(जयदेव जोनवाल )

तुझको खोकर अब पाना क्या

तुझको खोकर अब पाना क्या
रात जलकर अब करार पाना क्या
बहुत तडपा हूँ, मैं तेरे लिए शहर भर की गलियों मे
अब उस खुदा के दर पर फिर मत्था टिकाना क्या


हास्य कवि / शायर . ...

(जयदेव जोनवाल )


बेवफा से वफ़ा करते रहे

बेवफा से वफ़ा करते रहे
हम खुद ही खुद से दगा करते रहे
वो यकीनन नहीं समझती थी हमें
फिर भी ना जाने क्यूँ हम उसपे लुटते रहे



हास्य कवि / शायर ..

(जयदेव जोनवाल )

चाँद टुकडो पे ईमान बदल जाता है

चाँद टुकडो पे ईमान बदल जाता है
इंसान पियादा है अपनी तरक्की के लिए



हास्य कवि / शायर ..

(जयदेव जोनवाल )