बुधवार, 29 अगस्त 2012

तुझको पाने में एक वक़्त लगा


तुझको पाने में एक वक़्त लगा
तुझको खोने में एक वक़्त लगा
साथ तेरे मैं खुश था तो एक वक़्त लगा
जो मैं बिछड़ा तुझसे
तो मुझे तुझे भुलाने में एक वक़्त लगा

प्यार सस्ता है बाजारों में मिला करता है


प्यार सस्ता है बाजारों में मिला करता है
दिल खिलौना है सरेआम लुटा करता है
तोड के दिल को अब कोई गिला नहीं करता
ये वो कोठा है ...
जहाँ मोहब्बत का सौदा कोडियो में किया जाता है

पास आने के लिए दूर जाना जरुरी है


पास आने के लिए दूर जाना जरुरी है
लड़ना तुझसे तेरी ख़ुशी के लिए जरुरी है
तेरी-मेरी बहस का यूँ तो कोई अंत नहीं
पर इन लम्हों को जीना तो जरुरी है

दर - बदर भटक के पाया है तुझको


दर - बदर भटक के पाया है तुझको 
कभी खुद से कभी हालात से
लड़कर अपना बनाया है तुझको 
तुझे खोने की हिम्मत नहीं है मुझमे
इसलिए मैंने सारे ज़माने को ठुकरा के
अपना बनाया है तुझको 

समंदर में कश्तियाँ बह गई

समंदर में कश्तियाँ बह गई
मोहब्बत में जिंदगीया ठह गई 
हम किनारे पे थे
फिर भी सम्मल ना सके
और एक झोके में ये जिन्दगी बिखरी गई

बुधवार, 22 अगस्त 2012

ये लम्हा कहाँ ठहरने वाला है


ये लम्हा कहाँ ठहरने वाला है 
तू कहाँ मेरे कहने से मेरा होने वाला है 
सालो गुज़ार दिए मैंने
तुझको पाने के लिए 
और तू मेरा ना हुआ 
जाने कब ये खुवाब टूटने वाला है  

मेरी चाहत का कोई नाम तो होगा


मेरी चाहत का कोई नाम तो होगा
तेरे दिल में मेरे लिए कोई मुकाम तो होगा 
जनता हूँ तुझको पाना मुश्किल है मेरे लिए 
मगर कही मेरी कोशिशो में
 तेरी दुआओं का असर तो होगा