मंगलवार, 4 दिसंबर 2012

अपने आंसुओ में तेरी सूरत को देखा है

अपने आंसुओ में तेरी सूरत को देखा है
मैं जब भी रोया मैंने तेरी मोहब्बत को देखा है
मैं कमजोर तो नहीं हूँ
मगर मैंने तेरी चाहत में
खुद को अक्सर टूटते हुए देखा है 

हज़ार चेहरों में एक चेहरा कमाल है

हज़ार चेहरों में एक चेहरा कमाल है
जबसे देखा है उसे
इस दिल का बुरा हाल है
ये कैसी तड़प है - ऐ - मेरे खुदा
वो मुझको मिला भी नहीं ठीक से
और मुझे उसे खोने का डर है 

गुरुवार, 22 नवंबर 2012

खुवाब जलते- सुलगते रहे

खुवाब जलते- सुलगते रहे
हम तेरी याद में रातभर मचलते रहे
तू बेवफा है, ये बात इस दिल को गवारा ना हुई
हम सारी रात तेरी सफाई के सुबूत इकठ्ठा करते रहे 

दर मेरे यार का मेरी इबादत है

दर मेरे यार का मेरी इबादत है
वो खुदा की ये खुदा बड़ी मुश्किल है
उसको देखा भी नहीं और इसको देखा है
चल वो झूठा ही सही
पर ये तो हकीकत है 

मेरी खामोसी को सज़ा देती हो

मेरी खामोसी को सज़ा देती हो
तुम मुझे ना बोलू तो बेवफा कहती हो
मैं चुप हूँ तो सब खैरियत से है
जो अगर ये लब खोले
तो तुम बेपर्दा होती हो 

बुधवार, 21 नवंबर 2012

तेरे माथे पे सिकन अच्छी नहीं

तेरे माथे पे सिकन अच्छी नहीं
तुम मुस्कुराओ ये उदासी अच्छी नहीं
ये गम और ये ना-उम्मीदी के काफिले अब बहुत हुए
अब तुम्हारे रुख पे ये अमावस अच्छी नहीं 

तुम मेरी होके या नहीं ये तुमको पता है

तुम मेरी होके या नहीं
ये तुमको पता है
मैं तुम्हारा ही हूँ, ये ज़माने भर को पता है
तुम भले छुपा लो मुझे दुनिया की नज़र से
मगर मेरे हालात पे तेरा जिक्र लिखा है